सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं करने पर नार्वे के पीएम के खिलाफ लगा जुर्माना

नार्वे की प्रधानमंत्री एर्ना सोलबर्ग को कोरोना नियमों की अवहेलना करने के जुर्म में वहाँ की प्रशासन द्वारा जुर्माना लगाया है. दरअसल, नार्वे की प्रधानमंत्री ने अपने 60 वें जन्मदिन के अवसर पर अपने परिवार के लोगों को इकट्ठा किया था. यह सोशल डिस्टेंसिंग के नियम के खिलाफ है. इसीलिए एर्ना सोलबर्ग के खिलाफ जुर्माना लगाया गया है.

पुलिस के मुताबिक ऐसे मामलों में जुर्माना नहीं लगाया जाता लेकिन पीएम खुद कोरोना नियंत्रण नियम बनाने वाली सरकार का प्रतिनिधित्व कर रही हैं इसलिए उनपर जुर्माना लगाया गया. पीएम के अलावा पार्टी में शामिल उनके पति या किसी भी अन्य व्यक्ति पर कोई जुर्माना नहीं लगाया गया है.

आपको बता दें कि नार्वे की प्रधानमंत्री की बर्थ डे पार्टी में 13 लोग सम्मिलित  हुए थे जबकि नार्वे सरकार द्वारा जारी गाइडलाइन के अनुसार किसी भी स्थल पर 10 से अधिक व्यक्ति इकट्ठा नहीं हो सकते. इस मामले में नार्वे के प्रधानमंत्री कार्यालय की तरफ से फिलहाल कोई टिप्पणी नहीं आई है.

भारत में उड़ रही सोशल डिस्टेंसिंग की धज्जी

भारत की सरकार और प्रशासन को नार्वे के प्रशासन से सीख लेनी चाहिए जिसने कोरोना नियमों के उल्लंघन के मामले में अपने देश के पीएम को भी नहीं बख्शा. लेकिन भारत का प्रशासन शायद उतना सख्त नहीं है या नेताओं के सामने बौना हो जाता है यही वजह है कि चुनावी फिजा में नेता और जनता दोनों सोशल डिस्टेंसिंग के साथ साथ कोरोना नियंत्रण के लिए जारी सभी गाइडलाइंस की जमकर धज्जी उड़ा रहे हैं. नेता जनता से ज्यादा से ज्यादा संख्या में रैली में आने को उत्साहित कर रहे हैं और प्रशासन मूक बधिर की तरह यह सब देख रहा है. यह सब तब हो रहा है जब भारत में कोरोना की दूसरी लहर पहले लहर की तुलना में ज्यादा खतरनाक स्तर से बढ़ रही है.       

By Pankaj Kumar