अपहरणकर्ताओं ने यूएई के तट पर छोड़ा जहाज : ब्रिटिश नौसेना समूह

ब्रिटिश नौसेना ने कहा है कि ओमान की खाड़ी में संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के तट पर अपहरणकर्ताओं ने एक जहाज को कब्जे में लेने के बाद उसे छोड़ दिया है। हालांकि इस बारे में विस्तृत जानकारी नहीं दी गई है।

ब्रिटिश नौसेना के ‘मेरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस’ ने इससे पहले रात में एक जहाज के ‘संभावित अपहरण’ की आशंका जतायी थी। हालांकि उसने इस संबंध में कोई विस्तृत जानकारी नहीं दी। समूह ने जहाज की पहचान नहीं बताई और कहा कि ‘‘जहाज सुरक्षित है।’’

जहाज प्राधिकरण ‘लॉयड्स लिस्ट’ और समुद्री खुफिया कंपनी ‘ड्रायाड ग्लोबल’ दोनों ने घटना में शामिल जहाज की पनामा का झंडा लगे एस्फाल्ट टैंकर ‘एस्फाल्ट प्रिंसेस’ के रूप में पहचान की है। जहाज के मालिक की पहचान ‘ग्लोरी इंटरनेशनल’ के रूप में हुई।

‘मरीन ट्रैफिक डॉट कॉम’ के अनुसार उपग्रह से ली गई तस्वीरों में एक जहाज को बुधवार को जस्क बंदरगाह की दिशा में ईरान के तट की ओर बढ़ते देखा गया। ब्रिटिश नौसेना के बयान जारी करने के कुछ ही समय बाद इसे रोक दिया गया और ओमान की दिशा में मोड़ दिया गया।

अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि जहाज के अपहरण के लिए कौन जिम्मेदार है या किसने जहाज को निशाना बनाया। यह घटना विश्व शक्तियों के साथ तेहरान की परमाणु संधि के भंग होने के चलते ईरान और पश्चिम के देशों के बीच बढ़ते तनाव की पृष्ठभूमि में मंगलवार को हुई। हाल में अमेरिका, ब्रिटेन और इजराइल ने ईरान पर ओमान तट के निकट एक तेल टैंकर को निशाना बनाकर ड्रोन हमला करने का आरोप लगाया था। ईरान ने इस तरह की गतिविधि में शामिल होने के आरोपों से इनकार किया है।

जहाज को कब्जा लेने की घटना पर मंगलवार को प्रतिक्रिया देते हुए ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता सईद खतीबजादेह ने ने फारस की खाड़ी में हालिया समुद्री हमले को ‘‘बिल्कुल संदेहास्पद’’ बताया। उन्होंने ऐसी किसी गतिविधि में ईरान की संलिप्तता से इनकार किया है।

मरीन ट्रैफिक डॉट कॉम के अनुसार घटना के वक्त मंगलवार को फुजैरा तट पर छह तेल टैंकरों ने स्वत: पहचान प्रणाली से घोषणा की थी कि वे कमांड खो चुके हैं।

ओमान की खाड़ी फारस की खाड़ी के संकरे मुहाने होर्मुज जलडमरूमध्य के पास है, जिसके माध्यम से विश्व की समूची तेल आपूर्ति का पांचवां हिस्सा आपूर्ति होता है। फुजैरा यूएई के पूर्वी तट पर है।

By News Room